कानपुर-अकंठ भ्रष्टाचार में डूबे कानपुर विकास प्राधिकरण के भ्रष्टाचार की परतें अब खुलने लगी है,विभाग में फैले भ्रष्टाचार को पत्रकारो द्वारा उजागर करने के बाद अब के0डी0ए0 के पूर्व कर्मचारी व यूनियन के अध्यक्ष भी मुखर होने लगे हैं।
प्रजाशील कर्मचारी संघ के अध्यक्ष मान पाण्डेय ने कानपुर विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष पर आरोप लगाते हुए कहा,उपाध्यक्ष अरविंद सिंह भृष्ट कर्मचारियों को संरक्षित कर रहे हैं,जो उपाध्यक्ष को अवैध कमाई कराता है उस पर उनकी विशेष कृपा बनी रहती है,और जो कर्मचारी उनकी आशा के अनुरूप धन उगाही नहीं कर पाता है उसको उनके कोपभाजन का शिकार होना पड़ता है।उन्होंने कहा उपाध्यक्ष विभाग में एक ही पद पर 20-20 वर्षों से जमे भ्रष्ट बाबू के खिलाफ तो कोई कार्यवाही नहीं करते,अपितु इमानदार कर्मचारियों पर कार्यवाही कर शासन की निगाह में अच्छे अधिकारी बनने का प्रयास कर रहे हैं।
विभागीय सूत्रों की माने तो एक जेई द्वारा उसके क्षेत्र में हो रहे अवैध निर्माण का उपाध्यक्ष को उनकी आशा अनुरूप धन नहीं मिला तो उस जेई को कार्यालय में ही अपमानित होना पड़ा था। विदित हो इन्हीं भ्रष्टाचार को उजागर करने के लिए पत्रकार के0डी0ए0 उपाध्यक्ष से सवाल कर रहे थे,जिसपर के0डी0ए0 उपाध्यक्ष अरविंद सिंह झल्ला गए,और पत्रकारों को सबक सिखाने के लिए सेना की वर्दी में तैनात सुरक्षाकर्मियों के साथ अपने विश्वासपात्र कर्मचारियों को बुला लिया,केडीए उपाध्यक्ष की मंशा भापकर पत्रकारों को वहां से हटना पड़ा।
अब प्रश्न यह उठता है कि क्या केंद्र और प्रदेश की भाजपा सरकार इन्ही भ्र्ष्ट अधिकारियों के द्वारा किये जा रहे भ्र्ष्टाचार के दम पर 2022 का चुनाव जीतेगी?
या अपनी छवि सुधारने के लिए ऐसे भ्र्ष्ट अधिकारी पर कार्यवाही कर सोच ईमानदार काम दमदार के स्लोगन को सच साबित करेगी।
कानपुर विकास प्राधिकरण उपाध्यक्ष की कृपा से कमाऊ सीट पर विराजमान भ्रष्ट कर्मचारी


















