सिडनी से आये डा ग्राहम ओगले ने बताया कि टाइप 1 डायबिटीज एक प्रतिशत व टाइप 2 डायबिटीज 99 प्रतिशत लोगों को होगी। टाइप 1 में भूख प्यास अधिक लगती है वजन कम होने लगता है। सांस तेज चलने पर निमोनिया का इलाज करने लगते हैं। जिससे बीमारी और बढ़ती है। सिर्फ टहलने से नहीं सुबह नाश्ता जरूर लेना चाहिए। सोसायटी प्रिवेंशन एण्ड अवेयरनेस आफ डायबिटीज का तीन दिवसीय कार्यशाला का आज पहले दिन आयोजन किया गया। डा नरसिंह ने बताया कि हमें तनाव नहीं लेना चाहिए। यूरोप में 15 व अमेरिका में 23 प्रतिशत तक कमी आ गई है। अन्त में सांस्कृतिक कार्यक्रम का भी आयोजन किया गया। भारत में चौथे नम्बर पर है। इसमें प्रमुख रूप से ऋषि शुक्ला,डा दीपक राजिक, डा विभा यादव, डा संगीता शुक्ला,डा सौरभ मिश्रा ,डा भास्कर गांगुली आदि लोग उपस्थित रहे।
खुश रहेंगे तो डायबिटीज रहेगी दूर


















