कानपुर, 8 साल पहले निर्भया गैंगरेप के वक्त आधी आबादी को महफूज रखने की कसमें खाई गई थी संकल्प लिया गया था कि अब देश को बलात्कार व महिला हिंसा से मुक्त बनाएंगे,लेकिन एनसीआरबी की मानें तो प्रतिदिन औसतन 88 रेप होते हैं इन्हीं घटनाओं के जनाक्रोश को कम करने के लिए सरकार ने 2013 में क्रिमिनल लॉ अमेंडमेंट ऑर्डिनेंस लाए,जिसमें रेप करने वाले को फांसी की सजा का प्रावधान किया गया। बावजूद इसके दरिंदगी थमने का नाम ही नहीं ले रही है उपरोक्त बात सोसायटी योग ज्योति इंडिया के तत्वाधान में राष्ट्रीय युवा हिंदू वाहिनी प्रदेश अध्यक्ष नीतू शर्मा के सहयोग से नशा हटाओ बेटी बचाओ पेड़ लगाओ कोरोना मिटाओ अभियान के तहत कोरोना गाइडलाइंस के अंतर्गत यशोदा नगर कार्यालय में मुंबई बलात्कार कांड के विरोध में आयोजित महिला चौपाल में अंतरराष्ट्रीय नशा मुक्त अभियान के डॉक्टरों की तमाम कोशिशों के बावजूद हम मुंबई की निर्भया को बचा न सके,21वीं सदी में भी देश में कबीलाई संस्कृत वाली विचारधारा के वशीभूत होकर ऐसा जघन्य अपराध करने वालों को हर कीमत पर कठोर से कठोरतम दंड मिले,मानवाधिकार वादी वूमेन एक्टिविस्ट गीता पाल ने कहा कि यह मामला बहुत दुर्भाग्यपूर्ण व मन को दुखी करने वाला तथा जघन्य,शर्मनाक एवं हृदय विदारक है हम ऐसे मामलों के सभी दोषियों को अति शीघ्र दंडित देखना चाहते हैं,महिला चौपाल का संचालन संगीता तिवारी व धन्यवाद मंजू मिश्रा ने दिया,अन्य प्रमुख स्नेहा पांडे, अनीता पांडे,प्रिया वर्मा,दीपक सोनकर,हरदीप सिंह सहगल,जस्सी शुक्ला,रोहित कुमार इत्यादि थे l
मुंबई की निर्भया ! देश की आधी आबादी को महफूज रखने का संकल्प फिर टूटा…ज्योति बाबा


















