कानपुर के जाजमऊ स्थित बुढ़ियाघाट इलाके में शुक्रवार दोपहर करीब 2:30 बजे बिजली के खंभे में करंट उतरने से दो मवेशियों की मौत हो गई। इस घटना में पास खेल रहे चार बच्चे भी चपेट में आ गए, हालांकि वे सुरक्षित बच निकले। घटना की जानकारी मिलते ही आक्रोशित स्थानीय लोग मौके पर जमा हो गए और बिजली विभाग के अधिकारियों के खिलाफ प्रदर्शन किया।
मृत मवेशियों में कल्लू की गाय और नईमुद्दीन का बकरा शामिल है। वहीं, करंट की चपेट में आए बच्चों की पहचान मोहम्मद जैन (9), आसिफ (10), ईशान (8) और सुलेमान (12) के रूप में हुई। बच्चों ने बताया कि वे बकरे को तड़पता देख उसे बचाने जा रहे थे, तभी उन्हें हल्का झटका लगा और वे वहां से भागकर अपनी जान बचाने में कामयाब रहे।
स्थानीय निवासियों कामरान, साहेबेआलम, इमरान और सलमान ने बताया कि पिछले एक महीने से बिजली के खंभे में करंट उतरने की शिकायतें लगातार केस्को को की जा रही थीं। अधिकारियों की ओर से केवल आश्वासन दिया जा रहा था, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।
निवासियों के अनुसार, यह बुढ़ियाघाट का मुख्य मार्ग है, जहां 30 हजार से अधिक की आबादी रहती है। रोजाना बड़ी संख्या में बच्चे स्कूल, कोचिंग और मदरसे जाने के लिए इसी रास्ते का उपयोग करते हैं। दिनभर दर्जनों बच्चे खंभे के आसपास खेलते रहते हैं, जिससे किसी बड़े हादसे का खतरा बना रहता है।
क्षेत्रीय लोगों ने जेई सतेंद्र यादव को फोन कर घटना की सूचना दी। सूचना पर बिजलीकर्मी मौके पर पहुंचे, लेकिन कोई अधिकारी नहीं आया। इस पर लोगों ने जेई से मौके पर आकर स्थिति समझने की मांग की। पुलिस ने भी मौके पर पहुंचकर आक्रोशित लोगों को कार्रवाई का आश्वासन देकर शांत कराया।
जेई सतेंद्र यादव ने बताया कि उन्हें क्षेत्रीय लोगों की समस्याओं के बारे में जानकारी मिली है। उन्होंने आश्वासन दिया कि भविष्य में ऐसे हादसों को रोकने के लिए जल्द ही समस्या का निस्तारण किया जाएगा।
मोहम्मद नईम की रिपोर्ट



















