उत्तर प्रदेश पुलिस मुख्यालय, साइबर क्राइम विभाग द्वारा जारी निर्देशों के अनुपालन में दिनांक 22 अक्टूबर 2026 को महिला महाविद्यालय, किदवई नगर, कानपुर में राष्ट्रीय साइबर सुरक्षा जागरूकता माह के अंतर्गत साइबर सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य छात्राओं को साइबर अपराधों की रोकथाम, ऑनलाइन वित्तीय धोखाधड़ी तथा डिजिटल अरेस्ट जैसी घटनाओं के प्रति जागरूक करना और सुरक्षित डिजिटल व्यवहार को प्रोत्साहित करना था।
कार्यक्रम के अंतर्गत उत्तर प्रदेश पुलिस के आधिकारिक YouTube प्लेटफॉर्म पर प्रातः 11:00 बजे प्रसारित साइबर जागरूकता सत्र “अपना पैसा कैसे वापस करवाएँ?” के माध्यम से साइबर वित्तीय धोखाधड़ी से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान की गई। इस सत्र की प्रस्तुति एसआई श्वेता सिंह द्वारा की गई। सत्र में ऑनलाइन वित्तीय धोखाधड़ी तथा साइबर अपराध के कारण धनराशि की हानि होने पर शिकायत एवं धनराशि वापस प्राप्त करने की प्रक्रिया से संबंधित जानकारी पर ध्यान केंद्रित किया गया।
कार्यक्रम के दौरान छात्राओं को बताया गया कि ऑनलाइन लेन-देन करते समय सतर्कता बरतना, बैंक संबंधी गोपनीय जानकारी साझा न करना, अनजान लिंक से बचना तथा किसी भी संदिग्ध वित्तीय गतिविधि की तत्काल सूचना देना अत्यंत आवश्यक है। साइबर अपराध की स्थिति में शीघ्र शिकायत दर्ज कराने और उपलब्ध आधिकारिक माध्यमों का उपयोग करने के महत्व पर भी बल दिया गया।
इस जागरूकता कार्यक्रम का उद्देश्य छात्राओं में साइबर सुरक्षा के प्रति सजगता, डिजिटल साक्षरता तथा जिम्मेदार ऑनलाइन व्यवहार की भावना विकसित करना था। छात्राओं को साइबर सुरक्षा संबंधी जानकारी अपने परिवार एवं समाज तक पहुँचाने के लिए भी प्रेरित किया गया, ताकि डिजिटल माध्यमों का सुरक्षित उपयोग सुनिश्चित किया जा सके।
कार्यक्रम महाविद्यालय की प्राचार्या प्रो. प्रतिभा श्रीवास्तव के मार्गदर्शन में आयोजित किया गया। कार्यक्रम के सफल आयोजन में राष्ट्रीय सेवा योजना की कार्यक्रम अधिकारी डॉ. नम्रता पाण्डेय, सह-संयोजिका डॉ. नूर फ़ातिमा अंसारी तथा सदस्य डॉ. अर्चना मिश्रा, डॉ. गुंजन अजय श्रीवास्तव, डॉ. सदफ निज़ाम एवं डॉ. ब्यूटी दीक्षित का योगदान रहा। इस अवसर पर महाविद्यालय के शिक्षकगण, शिक्षणेत्तर कर्मचारी एवं राष्ट्रीय सेवा योजना की स्वयंसेविकाएँ उपस्थित रहीं।
इस प्रकार राष्ट्रीय साइबर सुरक्षा जागरूकता माह–2026 के अंतर्गत आयोजित इस कार्यक्रम ने छात्राओं को साइबर अपराधों के प्रति जागरूक बनाने तथा सुरक्षित डिजिटल व्यवहार अपनाने के लिए प्रेरित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
देवेश तिवारी की रिपोर्ट


















