जनवरी 2026 में नौबस्ता थाना में एक मामला दर्ज हुआ, जिसमें एक व्यक्ति से ऑनलाइन ट्रेडिंग के नाम पर करीब ₹12.82 लाख की ठगी कर ली गई। इस पर आईटी एक्ट की धारा 66D के तहत केस दर्ज किया गया।
जांच के दौरान पुलिस को पैसों के लेन-देन का ट्रेल मिला, जिससे एक फर्जी ट्रेडिंग कंपनी के खाते का पता चला। हैरानी की बात ये है कि इस खाते में सिर्फ 3 महीने में करीब ₹80 करोड़ का ट्रांजेक्शन हुआ था।
इस मामले में अजय नाम के आरोपी को पहले ही दिल्ली पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया था। अब करन और गुलशन को भी पकड़ लिया गया है, जबकि बाकी आरोपी अभी फरार हैं।
ये पूरा गैंग फर्जी जीएसटी नंबर के जरिए बैंक में करंट अकाउंट खुलवाता था और फिर उसी के जरिए ठगी का पैसा इधर-उधर ट्रांसफर करता था।
उत्तर प्रदेश में इस गैंग के खिलाफ 13 केस दर्ज हैं और करीब ₹26 करोड़ की ठगी यूपी से जुड़ी मिली है। अब तक पुलिस करीब ₹13.5 लाख की रकम फ्रीज कर चुकी है।
बाकी आरोपियों और खातों की जांच अभी जारी है और आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।


















