कानपुर। पारस हेल्थ कानपुर को विश्व कैंसर दिवस के अवसर पर इंटीग्रेटेड हेल्थ एंड वेलबीइंग (आईएचडब्लू) काउंसिल द्वारा आयोजित 7वें वर्ल्ड कैंसर समिट एंड अवॉर्ड्स 2026 में ‘एक्सीलेंस इन ऑन्कोलॉजी हॉस्पिटल ऑफ द ईयर’ का अवॉर्ड दिया गया है। यह अवॉर्ड नई दिल्ली में भारत सरकार के स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय की पूर्व जॉइंट सेक्रेटरी सुजया कृष्णन और भारत सरकार के स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय के पूर्व राज्यमंत्री अश्विनी कुमार चौबे ने देश भर के सीनियर पॉलिसी मेकर्स, ऑन्कोलॉजिस्ट, हेल्थकेयर लीडर्स और मरीज़ों के अधिकारों के लिए काम करने वालों की उपस्थिति में प्रदान किया गया।
पारस हेल्थ कानपुर को यह पुरुस्कार ऐसे समय में मिला है, जब भारत में कैंसर का बोझ लगातार बढ़ रहा है। कैंसर मामलों का बढ़ना मेट्रो शहरों के बाहर भी आसानी से मिलने वाली और उच्च-गुणवत्ता वाली ऑन्कोलॉजी देखभाल के बढ़ते महत्व को दिखाता है। इंटरनेशनल एजेंसी फॉर रिसर्च ऑन कैंसर (IARC) के ग्लोबल कैंसर ऑब्जर्वेटरी के अनुसार, भारत में कैंसर के मामले 2040 तक बढ़कर 2.22 मिलियन होने का अनुमान है। इसमें से अकेले उत्तर प्रदेश में 2.1 लाख से ज़्यादा कैंसर के मामले होंगे। इस स्थिति को देखते हुए पारस हेल्थ कानपुर ने मेडिकल, सर्जिकल और रेडिएशन ऑन्कोलॉजी को एडवांस्ड डायग्नोस्टिक्स, इमेजिंग और पैथोलॉजी के साथ एकीकृत करके अपनी ऑन्कोलॉजी सेवाओं को लगातार मज़बूत किया है। यही कारण है कि उत्तर प्रदेश और आस-पास के इलाकों के मरीज़ों के लिए कैंसर का जल्दी पता लगाने, पर्सनलाइज़्ड इलाज और लगातार देखभाल प्रदान करने की निरंतरता संभव हो पाई है।
इस उपलब्धि पर टिप्पणी करते हुए पारस हेल्थ के मैनेजिंग डायरेक्टर और FICCI हेल्थ & सर्विसेज के को-चेयर डॉ धर्मेंद्र नागर ने कहा, “विश्व कैंसर दिवस के अवसर पर आईएचडब्लू काउंसिल द्वारा यह सम्मान मिलना हमारे संस्थान के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। यह सम्मान कानपुर में एक व्यापक ऑन्कोलॉजी प्रोग्राम बनाने पर हमारे लगातार फोकस को दिखाता है। यह प्रोग्राम क्लीनिकल एक्सीलेंस, मल्टीडिसिप्लिनरी सहयोग और दयालु देखभाल पर आधारित है। हमारी टीमें शुरुआती निदान, सटीक इलाज को आगे बढ़ाने और मरीज़ों के घरों के पास गुणवत्तापूर्ण कैंसर देखभाल की उपलब्धता में सुधार करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।”
पारस हेल्थ कानपुर के फैसिलिटी डायरेक्टर रजत बजाज ने अपना दृष्टिकोण साझा करते हुए कहा, “’एक्सीलेंस इन ऑन्कोलॉजी हॉस्पिटल ऑफ़ द ईयर’ अवॉर्ड हमारे इंटीग्रेटेड केयर मॉडल के लिए सराहना स्वरूप है। हमारे इस मॉडल को आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर और मल्टीडिसिप्लिनरी ट्यूमर बोर्ड अप्रोच का सपोर्ट मिला है। डायग्नोसिस और इलाज से लेकर दर्द प्रबंधन (पेन मैनेजमेंट), पोषण (न्यूट्रिशन) और साइको-ऑन्कोलॉजी जैसी सपोर्टिव ऑन्कोलॉजी सेवाओं तक हमारा ध्यान ऐसी समग्र देखभाल देने पर रहा है जो चिकित्सा परिणामों और जीवन की गुणवत्ता दोनों का ध्यान रखे।”
यह अवॉर्ड लगातार क्लीनिकल अपग्रेडेशन, एडवांस्ड ट्रीटमेंट टेक्नोलॉजी अपनाने और मरीज़ों को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के ज़रिए क्षेत्रीय कैंसर देखभाल क्षमताओं को मज़बूत करने में पारस हेल्थ कानपुर की भूमिका को दिखाता है। एक ही जगह एंड-टू-एंड ऑन्कोलॉजी सेवाएं देकर हॉस्पिटल ने मरीज़ों को स्पेशलाइज़्ड कैंसर इलाज़ के लिए बाहर दूसरे शहरों में जाने की ज़रूरत को कम करने में मदद की है।
यह पुरुस्कार पारस हेल्थ कानपुर के नवाचार, सबूत-आधारित तरीकों और लोगों तथा इंफ्रास्ट्रक्चर में लगातार निवेश के ज़रिए ऑन्कोलॉजी देखभाल को बेहतर बनाने की प्रतिबद्धता को सुदृढ़ बनाती है। पारस हेल्थ कानपुर के ये प्रयास भारत में बढ़ते कैंसर के बोझ से निपटने के लिए राष्ट्रीय प्राथमिकताओं से मेल खाते हैं।
देवेश तिवारी की रिपोर्ट


















