ऑल इंडिया रीजनल रूरल बैंक एम्पलाइज एसोसिएशन के आवाहन पर आज देश भर के ग्रामीण बैंक के मुख्यालयों पर अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने एकदिवसीय धरने का आयोजन किया| साथ ही साथ देश भर की 43 ग्रामीण बैंको के अधिकारी एवं कर्मचारियों ने पूरे देश में ग्रामीण बैंकों के मुख्यालयों पर और विभिन्न स्थानों पर जनता को सरकार की बैंकों के प्रति दमनकारी नीति के विरोध में जागृत करते हुए जनता को साथ लेकर आंदोलन में कार्रवाई को आगे बढ़ाया|
इसी क्रम में बड़ौदा यूपी बैंक ऑफिसर एसोसिएशन की केंद्रीय कार्यकारिणी के अध्यक्ष श्री राजेश खत्री एवं महामंत्री श्री सुरेश श्रीवास्तव के आह्वाहन पर एसोसिएशन के एक सक्रिय कार्यकर्ता प्रवीण कुमार तिवारी ने आज दिनांक 23 तारीख को जन जागरूकता अभियान का प्रारंभ किया, जिसमें कि देश की जनता को ग्रामीण बैंक कर्मियों के साथ जोड़ने का प्रण लेते हुए आंदोलन को क्षेत्रीय स्तर से प्रारंभ किया गया|
उनके इस प्रण में ग्रामीण क्षेत्र की जनता ने उनका जोरदार समर्थन किया एवं ग्रामीण बैंक कर्मियों के आंदोलन में कंधे से कंधा मिलाकर साथ देने का वादा भी किया। प्रवीण कुमार तिवारी ने आंदोलन के विषय में बताते हुए संगठन की मांगों के विषय में बताया कि:-
~भारत सरकार अपनी नीतियों के तहत प्रदेश के 2 ग्रामीण बैंकों के आईपीओ लाने की जो तैयारी कर रही है , ऐसे फैसले को सरकार तुरंत वापस ले क्योंकि उनका ये फैसला कहीं ना कहीं ग्रामीण बैंकों को भी निजी करण की राह में धकेलने का एक तरीका मात्र है। ग्रामीण बैंकों का देश भर का देश भर का सबसे बड़ा संगठन आल इंडिया रीजनल रूरल बैंक इंप्लाइज एसोसिएशन किसी भी कीमत पर सरकार का यह सपना पूरा नहीं होने देगा|
देश भर के सभी ग्रामीण बैंकों को मिलाकर तुरंत ही एक राष्ट्रीय ग्रामीण बैंक(NRBI) की स्थापना की जाए|
~ ग्रामीण बैंक कर्मियों को समस्त बैंकिंग सेक्टर के समान वेतन एवं भत्ते प्रदान किए जाएं|
~ ग्रामीण बैंक कर्मियों को भी प्रायोजक बैंकों के समान प्रोन्नति प्रक्रिया का लाभ मिले|
~ग्रामीण बैंकों में कार्य कर रहे सैकड़ो दैनिक वेतन भोगियों को एवं सफाई कर्मचारियों को नियमित किया जाए|
~ग्रामीण बैंको में भर्ती प्रक्रिया पुनः प्रारम्भ की जाए जिसे की बैंक ऑफ बड़ौदा प्रायोजित ग्रामीण बैंको में पिछले दो वर्षों से रोका गया है।, जिसकी वजह से ग्रामीण बैंक, कर्मचारियों की भीषण कमी से संघर्ष कर रहे हैं।
आगे का आंदोलनात्मक कार्यक्रम निम्नवत है:-
~दिनांक 29 जुलाई 2022 को नाबार्ड के लखनऊ स्थित कार्यालय पर एक दिवसीय धरना।
~दिनांक 8 एवं 9 अगस्त को माननीय सांसदो को मांगों से संबंधित ज्ञापन।
~दिनांक 10 अगस्त को दिल्ली में संसद भवन के समक्ष देश भर के समस्त ग्रामीण बैंक कर्मी एक दिवसीय धरना देंगे।
सम्पूर्ण भारत के ग्रामीण बैंक कर्मी एक दिवसीय हड़ताल करेंगे।


















