प्रदेश की भाजपा सरकार में कानून व्यवस्था नाम की कोई चीज बची नहीं है हर तरफ खून खराबा मचा हुआ है। प्रदेश के मुख्यमंत्री का बुलडोजर सिर्फ गरीबों के आशियाने पर ही चलता हुआ दिखाई दे रहा है। भाजपा के बुलडोजर से बेसहारा गरीबों मजलूमों को ही रौंदा जा रहा है। प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के निर्देश पर गुरुवार को मैथा तहसील क्षेत्र के मंडौली गांव में तहसील प्रशासन एवं पुलिस प्रशासन के द्वारा कब्जा हटवाने के दौरान संदिग्ध परिस्थितियों में हुए अग्निकांड में जलकर मरी मां बेटी के परिजनों से मिलते हुए यह बात सपा नेताओं ने कही। सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष के निर्देश पर मृतक के घर पहुंच कर सपा सपा के मुख्य सचेतक विधानमंडल मनोज पांडेय एवं विधायक अमिताभ बाजपेई ने पीड़ित परिवार को सांत्वना देते हुए उनकी लड़ाई लड़ने का आश्वासन दिया है। सपा नेताओं ने पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा एवं सरकारी नौकरी सरकारी आवास जमीन का पट्टा तथा घटना में शामिल हर दोषी को कड़ी से कड़ी सजा एवं उक्त घटना की जांच सीबीआई से करवाए जाने की मांग की है।
मैथा तहसील एवं रूरा थाना क्षेत्र के गांव मंडौली में ग्राम समाज की बंजर जमीन पर किए गए अतिक्रमण को खाली करवाने के लिए एसडीएम ज्ञानेश्वर प्रसाद के नेतृत्व में पहुंची मैथा तहसील की राजस्व विभाग की टीम एवं रूरा थाना पुलिस द्वारा अतिक्रमण हटवाए जाते समय झोपड़ी में अचानक संदिग्ध परिस्थितियों में लगी आग से मां बेटी की मौत हो जाने का मामला लगातार तूल पकड़ता जा रहा है। भाजपा सरकार के नुमाइंदे एवं आला अधिकारी भले ही इस मामले के शांत होने का दावा कर रहे हो लेकिन विपक्षी पार्टियों के नेता कार्यकर्ता गांव पहुंचकर पीड़ित परिवार से मुलाकात कर भाजपा सरकार को कोसते नजर आ रहे हैं। गांव पहुंचने वाले हर विपक्षी दल के नेता भाजपा सरकार को किसान विरोधी मजदूर विरोधी गरीब विरोधी बता रहे हैं। गुरुवार को सपा के मुख्य सचेतक विधानमंडल मनोज पांडे के नेतृत्व में 12 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने गांव पहुंचकर पीड़ित परिवार से मुलाकात की। मुलाकात के दौरान सपा नेताओं द्वारा मृतका नेहा दीक्षित के भाई एवं प्रमिला दीक्षित के पुत्र शिवम दिक्षित को ढांढस बंधाते हुए आश्वासन दिया गया कि सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव एवं सपा का हर कार्यकर्ता उनके साथ है। समाजवादी पार्टी उन को न्याय दिलाने के लिए हर संभव प्रयास करेगी इसके लिए क्यों नहीं आर पार की लड़ाई लड़नी पड़े। इस दौरान सपा के मुख्य सचेतक विधान मंडल मनोज पांडेय ने केंद्र एवं प्रदेश की भाजपा सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि सरकार के पास अडानी जैसे लोगों को देने के लिए सरकारी भूमि है लेकिन एक गरीब आदमी को सिर छुपाने को आशियाना बनाने के लिए भूमि नहीं है। वहीं विधायक अमिताभ बाजपेई ने कहा कि प्रदेश में कानून व्यवस्था नाम की कोई चीज नहीं रही है अब तो रक्षक ही भक्षक बन चुके हैं। इतनी बड़ी घटना होने के बावजूद बाबा के बुलडोजर अब कहीं नजर नहीं आ रहे हैं। क्या सरकार के बुलडोजर आम आदमियों के लिए ही बने हैं उन्हीं के घर गिरवाये जा सकते हैं। इस घटना को अंजाम देने वाले अधिकारियों कर्मचारियों के घर गिराने के लिए बाबा का बुलडोजर शायद कमजोर पड़ रहा है। सपा नेताओं ने कहा कि इस मामले की पूरी जानकारी पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को दी जाएगी और इस मामले को विधानसभा में भी पूरे जोर-शोर से उठाया जाएगा। सपा नेताओं ने इस मामले की जांच सीबीआई से करवाए जाने की मांग की है। इस दौरान विधायक विनोद चतुर्वेदी विधायक प्रदीप यादव विधायक मोहम्मद हसन रूमी पूर्व विधायक रामप्रकाश कुशवाहा पूर्व विधायक कमलेश चंद्र दिवाकर पूर्व एमएलसी दिलीप यादव कल्लू पूर्व ब्लाक प्रमुख वेदव्यास निराला पार्टी के विधानसभा अध्यक्ष बलवान सिंह यादव मुन्ना यूथ ब्रिगेड के राष्ट्रीय महासचिव प्रवीण यादव बंटी समेत भारी तादाद में समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ता मौजूद रहे।
जब रक्षक ही भक्षक बन जाएंगे तो कैसे सुरक्षित रहेगा समाज का आम आदमी।


















