कानपुर नगर:नगर में आज देर रात हुई घटना ने मानवता को शर्मशार कर दिया, यूं तो देश में बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ का नारा देकर समाज को जागरूक किया जा रहा है वही आए दिन बच्चियों और महिलाओं पर हो रहे अपराध सरकार के दावे और समाज की मानसिकता पर सवाल खड़े कर रहे हैं। थाना सेन पश्चिम पारा अंतर्गत तुलसियापुर ग्राम में देर रात कलयुगी पिता ने अपनी डेढ़ वर्षीय बेटी की गला दबाकर हत्या कर दी,सुबह कमरे में बच्ची का शव देखकर घर वालों ने पुलिस को सूचना दी,हत्यारे पिता ने घटनास्थल से भागने का प्रयास किया तो परिजनों ने मोहल्ले वालों की मदद से हत्यारे पिता को पकड़ लिया,सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस ने हत्यारे पिता को गिरफ्तार कर थाने ले गई। मिली जानकारी के अनुसार कल्याणपुर मकड़ीखेड़ा निवासी सनी राजपूत ने अपनी बहन नेहा राजपूत का विवाह राजीव राजपूत निवासी ग्राम विलपुर खास थाना बेवर जिला मैनपुरी के साथ 8 वर्ष पूर्व किया था,वर्तमान में राजीव अपनी मां,भाई,पत्नी व दो बच्चों समेत थाना सेन पश्चिम पारा अंतर्गत तुलसियापुर ग्राम में कैलाश के मकान में किराए में रह रहा था,राजीव के दो बच्चे क्रमशः एक 5 वर्षीय बेटा और डेढ़ वर्षीय बेटी थी। दिनांक 21,22 की रात घर में सभी लोग छत पर सो रहे थे, देर रात करीब 12 से 1 बजे के बीच राजीव अपनी डेढ़ वर्षीय बेटी को चुपचाप छत से उठाकर कमरे में ले गया और गला दबाकर हत्या कर दी, सुबह जब परिजन सोकर उठे नीचे कमरे में दुधमुंही बेटी का शव देख रोना शुरू कर दिया, हत्यारा पिता घर के बाहर आराम से बैठा था, परिजनों ने फौरन घटना की जानकारी स्थानीय पुलिस को दी तभी हत्यारे पिता को पुलिस आने की सूचना पर घटनास्थल से भागने का प्रयास किया तभी परिजनों ने मोहल्ले वालों की मदद से दौड़ा कर पकड़ लिया और घर के सामने पेड़ में रस्सी से बांध दिया, उस दौरान हत्यारा बाप बार बार”बदला लेने की बात दोहराता रहा” सूचना पाकर स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और हत्यारे पिता को हिरासत में ले लिया और जांच पड़ताल शुरू कर दी,पिता द्वारा मासूम बच्ची की हत्या किए जाने की खबर फैलते ही क्षेत्र में सनसनी फैल गई और घटनास्थल पर भीड़ जमा हो गई, सेन पश्चिम पारा थाना प्रभारी ने जानकारी दी कि हत्यारे को हिरासत में ले लिया गया है परिजनों की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर विधिक कार्यवाही की जा रही है।
क्षेत्र में हुई हृदय विदारक घटना ने स्थानीय लोगों को झकझोर कर रख दिया, और समाज को यह सोचने को मजबूर कर दिया कि “आखिर भरोसा किस पर किया जाए”आधुनिकता के इस युग में पिता द्वारा अपनी दुधमुंही बेटी की हत्या किया जाना समाज के माथे पर कलंक समान है।
कलयुगी बाप ने अपनी दुधमुंही बेटी की गला दबाकर की हत्या


















