कानपुर। राष्ट्रवादी जनतांत्रिक पार्टी के तत्वावधान में प्रदेश महासचिव सुनील सिंह चौहान के नेतृत्व में फूलबाग स्थित गांधी प्रतिमा पर ई-20 पेट्रोल नीति के विरोध में शांतिपूर्ण धरना-प्रदर्शन आयोजित किया गया। प्रदर्शन के दौरान पार्टी पदाधिकारियों ने सरकार से ई-20 पेट्रोल नीति की व्यापक समीक्षा करने और पुराने वाहन मालिकों के हितों की रक्षा करने की मांग उठाई।
धरने को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि ई-20 पेट्रोल लागू होने से विशेष रूप से पुराने वाहनों के स्वामियों में चिंता बढ़ी है। उनका कहना था कि जिन लोगों ने अपनी मेहनत की कमाई से वाहन खरीदे, उन्हें पहले से इस नीति के संभावित प्रभावों की पर्याप्त जानकारी नहीं दी गई। यदि ऐसी व्यवस्था लागू की जानी थी तो वाहन निर्माण और आवश्यक तकनीकी तैयारियां पहले से सुनिश्चित की जानी चाहिए थीं।
पार्टी नेताओं ने दावा किया कि वर्ष 2019 से पहले निर्मित कई वाहन ई-20 ईंधन के अनुरूप डिजाइन नहीं किए गए हैं, जिससे वाहन मालिकों पर रखरखाव और मरम्मत का अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ सकता है। उन्होंने सरकार से विशेषज्ञों, वाहन निर्माताओं और आम जनता की राय लेकर नीति की समीक्षा करने की अपील की।
लोगों की मांग है कि सरकार और वाहन निर्माता संयुक्त रूप से विस्तृत तकनीकी रिपोर्ट जारी करें तथा यह स्पष्ट करें कि किन मॉडल के वाहनों में ई-20 पेट्रोल पूरी तरह सुरक्षित है और किन वाहनों में अतिरिक्त सावधानी या बदलाव की आवश्यकता होगी। इस अवसर पर कानपुर उत्तर प्रदेश के महासचिव सुकेश पाल ने कहा कि प्रभावित वाहन स्वामियों के हितों की सुरक्षा के लिए सरकार को ठोस और प्रभावी कदम उठाने चाहिए।
धरना-प्रदर्शन में सुनील सिंह चौहान, संगीता पाल, सुकेश पाल, सोनू भदौरिया, विश्वजीत पाल, राजेंद्र, राम नरेश, सरिता, सरल कुमार, आदित्य राजपूत, हिमांशु सोनवानी, रितेश चौरसिया, शुभम सोनी, विनोद यादव, वीना मिश्रा, दीपू, शिव शंकर शास्त्री, मंजू सहित अनेक पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं नागरिक मौजूद रहे।
मोहम्मद आमिर की रिपोर्ट


















