कुछ समय पहले वर्दी वाला गुंडा एक फिल्म आई थी। लेकिन किसी ने यह नहीं सोचा होगा। की यह वर्दी वाले गुंडे भी बन सकते हैं। कुछ यही नजारा देखने को तब मिला जब परेड चौराहे पर एसीपी नवीन मार्केट पहुंचे और नवीन मार्केट अध्यक्ष दीपक कुमार सविता की दुकान बंद कराने के लिए धमकाने लगे। और कहा कि ज्यादा नेता बनता है तेरे पैरों की गुरिया तोड़ देंगे। व्यापारी दीपक कुमार सविता को पहले भी चार हार्टअटैक पढ़ चुके हैं। एसीपी के धमकाने के बाद व्यापारी दीपक कुमार सविता घबरा गया और दीवाल से टकरा जाने के कारण सर में चोट आ गई जिसके कारण सर से खून निकलने लगा। पीड़ित व्यापारी दीपक कुमार सविता का परिवार उसका इलाज करा रहा है। जिसमें दीपक कुमार सविता की हालत गंभीर है। दीपक कुमार सविता के समर्थन में सपा व्यापार सभा के नगर अध्यक्ष ने डीसीपी पूर्वी से एसीपी की शिकायत भी की है। अब गौर करने की बात यह है। की पुलिस व्यापारियों से अपराधियों जैसा व्यवहार क्यों करती है। जहां अपराधियों पर अंकुश लगाना चाहिए वहां पुलिस चरण वंदना करती है। कुछ दिनों पहले जहां भाजपा नेता नारायण सिंह भदौरिया की पार्टी में हिस्ट्रीशीटर अपराधी मौजूद था तो वहां पुलिस कुछ ना कर पाई। लेकिन शायद पुलिस अपनी ताकत की नुमाइश कमजोरो के ऊपर करती है। इसीलिए शायद आज आम आदमी को अपराधियों से ज्यादा पुलिस से डर लगता है। वर्दी वाला गुंडा फिल्म बनाने वाले निर्माता ने भी यह नहीं सोचा होगा। की भविष्य में फिल्म का टाइटल हकीकत की पुलिस के ऊपर सटीक बैठेगा। जहां कानपुर का व्यापारी उत्तर प्रदेश में सबसे ज्यादा टैक्स देता है तो वही कानपुर में व्यपारियों के साथ इस तरह की अपमानजनक घटना बड़ी ही दुखद है। जहां एक तरफ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आम जनता को सुशासन का सपना दिखाते हैं वही उस सपने के ऊपर इस तरह के पुलिसकर्मी पानी फेर ने का काम करते हैं। लेकिन साहब यह पब्लिक है सब जानती है।


















