अग्रसेन भवन के ब्लाक, किदवई नगर कानपुर में राष्ट्रीय कायस्थ महा परिषद (रजि0) के तत्वावधान में कानपुर की समस्त समितियों द्वारा माननीय डा० अरुण सक्सेना राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) वन एवं पर्यावरण का स्वागत था अभिनन्दन किया गया मंच का संचालन श्री राजेश श्रीवास्तवा, पूर्व महाडला अध्यक्ष भाजपा ने किया मन्त्री डा अरुण सक्सेना जी ने कायस्थ एकता पर विचार किया और संगठन को मजबूत देखकर भाव विभोर व गदगद हुए और उन्होंने कहा कि समस्त कायस्थ बन्धुओं से अपील है कि समाज में अपने स्थान अग्रणी करने के लिए राजनीति में अपना योगदान दें और अपने समाज को राष्ट्रीय स्तर पर बुलन्दियों पर स्थापित करें इं० मयंक श्रीवास्तव राष्ट्रीय अध्यक्ष, राष्ट्रीय कायस्थ महापरिषद् ने कहा कि समाज में युवाओं का स्तर ऊंचा उठाने के लिए युवा लोग नौकरी की तरफ न बढ़ें बल्कि अपने व्यापार करके और लोगों को रोजगार देने के योग्य बनें। इस कार्य के लिए समस्त कायस्थ भाईयों को आश्वासन देता हूँ कि सदैव तत्पर रहूंगा। मुझे भारत सरकार ने समाज में पढ़ रहे है एमटेक छात्रों को उद्योग लगवाने के लिए प्रतिनिधि के रूप में चुना जिससे हमारे द्वारा छात्रों को इन्टर्नशिप करवाकर उनको उद्योग स्थापित करने में सक्षम हो सके महेन्द्र निगम राष्ट्रीय उपाध्यक्ष ने आये हुए अतिथियों एवं मंत्री जी का स्वागत किया। बताया कि कायस्थ संगठन मजबूत होगा तो कायस्थ समाज का राजनीति में वजूद बढ़ेगा। माननीय मंत्री जी को आश्वासन देते हैं कि इसी तरह आपका सपोर्ट समाज के लिए रहेगा तो निश्चित ही समाज के आखिरी व्यक्ति तक उनका सहयोग करेंगे प्रदीप मोहन चौधरी अध्यक्ष पूजन समिति ने आने वाले सभी कायस्थ बन्धुओं का आभार एवं धन्यवाद व्यक्त कियाइस कार्यक्रम में मुख्य रूप से उपस्थित पूर्व अध्यक्ष पूजन समिति सतीश निगम (पूर्व विधायक), नरेश श्रीवास्तव, पंकज श्रीवास्तव, राम उग्रह श्रीवास्तव, पंकज श्रीवास्तव, दीपक श्रीवास्तव, पप्पू सिन्हा, शेखरानन्द जी एवं के०डी० कुमार, राजेश श्रीवास्तव (मण्डल अध्यक्ष). राजीव श्रीवास्तव, राजेन्द्र खरे, सौरभ श्रीवास्तव सतीश श्रीवास्तव, प्रदीप निगम, पंकज निगम, प्रतीव निगम, संजीव श्रीवास्तव, अजीत श्रीवास्तव, प्रदीप सिन्हा, अजय सक्सेना, विकास श्रीवास्तव आशीष हजेला, नवीन सिन्हा, शशांक नारायन, अतुल श्रीवास्तव व मुकेश श्रीवास्तव आदि उपस्थित रहे।
अग्रसेन भवन के ब्लाक,किदवई नगर कानपुर में राष्ट्रीय कायस्थ महा परिषद


















