कानपुर।आज उत्तर प्रदेश प्रांतीय व्यापार मंडल के प्रदेश अध्यक्ष अभिमन्यु गुप्ता के नेतृत्व में व्यापारियों ने कैंट विधायक मो हसन रूमी को मांगपत्र सौंपते हुए सदन में मंडी शुल्क समाप्ति ,विसंगतिपूर्ण जीएसटी व व्यापारियों के उत्पीड़न के खिलाफ सदन में आवाज उठाने की मांग करी।आने वाली 19 सितंबर से विधानसभा सभा सत्र शुरू होने वाला है।प्रदेश की योगी सरकार आगामी विधानसभा सत्र में जीएसटी के कुछ प्रावधानों में संशोधन की कार्यवाही करने जा रही है।प्रदेश अध्यक्ष अभिमन्यु गुप्ता ने मांगपत्र सौंपते हुए विधायक से मांग करी की वे सदन में मांग उठाएं की जीएसटी के प्रावधानों में संशोधन के साथ ही जीएसटी के मुख्य मुद्दे भी प्रदेश सरकार उठाए क्योंकि प्रदेश के व्यापारियों की यही मांग है।लखनऊ के होटल में आग लगने के बाद होटल व्यवसायियों को फायर, फूड,जीएसटी,नगर निगम, द्वारा नोटिसें भेजी जा रही हैं।चेकिंग और नोटिसों के नाम पर कई व्यापारियों के उत्पीड़न से हड़कंप है।अभिमन्यु गुप्ता ने कहा की वन नेशन वन टैक्स का वादा करके जीएसटी लागू हुए 5 साल हो गए पर अभी तक उत्तर प्रदेश से मंडी शुल्क समाप्त नहीं हुआ जबकि वादा किया गया था की जीएसटी के बाद अलग से कोई और टैक्स या शुल्क नहीं देना होगा।साथ ही पेट्रोल, डीजल ,बिजली, रसोई गैस को अभी तक जीएसटी के अंतर्गत नहीं लाया गया है,जो को फिर से जीएसटी की विचारधारा के ही विपरीत है। महंगाई और इंस्पेक्टर राज बढ़ा है।यहां के व्यापारी यदि परेशान होंगे तो पूरे देश पर असर पड़ेगा इसलिए वे सदन में इन मुद्दों को उठाएं और प्रदेश सरकार से मांग करें की वह प्रदेश में मंडी शुल्क वापस ले,पेट्रोल डीजल को जीएसटी में लाने और खाद्य सामग्री पर जीएसटी हटाने के लिए केंद्र सरकार को लिखे।इस मामले में विधानसभा में प्रस्ताव पारित होकर केंद्र सरकार तक मामला भेजे प्रदेश सरकार। विधायक मो हसन रूमी ने इन सभी मुद्दों को सदन में उठाने का आश्वासन दिया।साथ ही विधायक ने वादा किया की कानपुर में किसी व्यापारी का उत्पीड़न नहीं होने दिया जाएगा।प्रदेश अध्यक्ष अभिमन्यु गुप्ता,प्रदेश महासचिव मो शाहरुख खलीफा, विनय कुमार,शुभ गुप्ता,जय गुप्ता, मो राजा आदि मौजूद थे।
विधायक से मंडी शुल्क,जीएसटी व उत्पीड़न के खिलाफ सदन में आवाज उठाने की मांग


















