-कानपुर कारगिल युद्ध का रिटायर एक भूतपूर्व सैनिक शिवकरन सिंह ने आज कानपुर प्रेसक्लब में वार्ता के दौरान कृष्णा सहकारी आवास समिति के भ्रष्ट अधिकारियों की मरी हुई आत्मा की कारगुजारियों का वर्णन किया….शिवकरन ने बताया कि वह कारगिल युद्ध में तैनात भूतपूर्व सैनिक है, जिसने 1/10/1988 को उपरोक्त आवास समिति से भूखण्ड संख्या-66ए, रकबा 267 वर्गगज 999 वर्ष के लिए बैनामा कराया था इसी पर इनका परिवार रहने लगा…भवन की फ्री होल्ड रजिस्ट्री कराने के लिए 2016 में कई बार कार्यालय गया…तत्कालीन सचिव अम्बर त्रिपाठी द्वारा मात्र आश्वासन मिलता रहा….कुछ माह बाद बोले कि तुम कार्यालय मत आना मैं आपके घर अपने भांजे शीर्ष पांडेय व अपने आदमी भेजूंगा उन्हें अपनी पुरानी डीड व रुपये दे देना में बदलाव कर दूंगा…बाद में राकेश मिश्रा,सन्दीप तिवारी व बबलू आदि आए अपने को लीगल एडवाइजर बताया और कहा कि उनके द्वारा ही बैनामा किया जाता है…फोन पर अम्बर त्रिपाठी से बात भी कराई उन्होंने सारे कागज व रुपये देने को कहा…मुझसे चार लाख बयासी हजार पांच सौ फ्री होल्ड चार्ज व एक लाख सत्तर हजार रजिस्ट्री खर्च लिए गए…मुझे रजिस्ट्री कार्यालय बुलाया और पहले से टाइप किये स्टाम्प पेपर्स पर जल्दी जल्दी हस्ताक्षर करवाया मुझे पेपर पढ़ने भी नहीं दिया बोले बाद में पढ़ लेना….मुझे बाहर ही रोका गया किसने क्या किया कुछ पता नहीं चला…बार बार रजिस्ट्री मांगने पर बहाने बता दिया जाता….8 माह बाद जो रजिस्ट्री दी गई वह सब गलत थी बैनामे पर अम्बर त्रिपाठी की जगह अन्य की फ़ोटो थी समिति की जगह प्रस्तुत करता विनोद कुमार लिखा था। बाद में पता चला कि अम्बर सचिव हैं….ही नहीं इन पर लाखों का गमन केस थाना नौबस्ता में दर्ज है…शिवकरन ने सरकार व प्रसाशन से गुहार लगायी की उसकी मेहनत की व देश सेवा के बदले मिली रकम इन बेइमानों से दिलाया जाय और साथ ही ऐसे लोगों को कड़ी से कड़ी सज़ा दी जाय।
कारगिल युद्ध का रिटायर एक भूतपूर्व सैनिक शिवकरन सिंह ने आज कानपुर प्रेसक्लब में वार्ता की।


















