कानपुर-औद्योगिक नगर के दादा नगर में कानपुर के केंद्रीय ट्रेड यूनियन के सभी पदाधिकारी व सदस्यगण केंद्र सरकार की मजदूर किसान जन विरोधी महिला नौजवान विरोधी नीतियों के खिलाफ देशव्यापी एक दिन की हड़ताल में हजारों की संख्या में सड़कों पर प्रदर्शन किया, भारत सरकार को चेतावनी देते हुए केंद्रीय ट्रेड यूनियन के संयोजक आसीत सिंह व हिंद मजदूर सभा के कानपुर मंडल के महामंत्री योगेश ठाकुर ने कहा श्रमिक कामगार किसी उन्नति का आधार एवं नीव है श्रमिक के बिना किसी भी उन्नति की कामना नहीं की जा सकती मजदूर कामगार बेरोजगार नौजवान महिलाओं व किसानो की मांगों पर पुनः विचार करें अन्यथा देश के सारे श्रमिक किसान बेरोजगार नौजवान महिलाएं सड़क पर उतरकर के पूरे भारतवर्ष को जाम करने के लिए मजबूर होंगे जिसकी जिम्मेदारी सरकार की होगी
प्रमुख मांगे : चार श्रमिक कोड कानून को रद्द करें, श्रमिकों के न्यूनतम वेतन 26 हजार रुपए प्रतिमाह निर्धारित करें, ओल्ड पेंशन स्कीम कानून बहाल करें सार्वजनिक क्षेत्र के उपकरणों का निजीकरण बंद करें, ठेकेदारी प्रथा समाप्त करें, संविदा कर्मचारियों को नियमित करें, सामान कार्य का सामान वेतन निर्धारित करें आंगनवाड़ी आशा मिड डे मील सभी स्कीम वर्कर्स को सरकारी कर्मचारी घोषित करें, किसानो की उपज के उचित मूल्य निर्धारण की गारंटी दी जाएं, मजदूरों से 8 घंटे से ज्यादा काम लेना बंद करें, नई शिक्षा नीति 2020 को रद्द करें, सभी किसानों और मजदूरों को कर्ज मुक्त किया जाएं, बिजली कर्मियों को मार्च 2023 के आंदोलन में बर्खास्त कर्मचारियों को बहाल किया जाए, मनरेगा में 200 दिन काम और मजदूरी दर ₹800 रोज किया जाए, महिलाओं, आदिवासियों, दलितों और अल्पसंख्यकों पर बढ़ रहे अत्याचारों को बंद किया जाए हजारों के तादाद में मुख्य रूप से आसित सिंह, योगेश ठाकुर, पीके बाजपेई उमेश कुमार,राम प्रकाश राय, मोहम्मद वशी, राजीव खरे, आर डी गौतम, राणा प्रताप सिंह, रमाशंकर, बनवारी लाल, धर्मदेव,ओम प्रकाश, जगन्नाथ, आनंद कुमार, विजय शंकर, पार्वती, संतोष, सावित्री, जितेंद्र, वीके यादव, राजकुमार गुप्ता, शिव कुमार साहू आदि लोग उपस्थित रहे!


















