कानपुर-पत्रकारों के सबसे सक्रिय संगठन कानपुर जर्नलिस्ट क्लब ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मीडियाकर्मियों को कोरोना योद्धा का दर्जा देने की मांग की है। जर्नलिस्ट क्लब ने मुख्यमंत्री से मांग कि प्रदेश के प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक और वेब मीडिया के पत्रकारों को भी फ़्रंट लाइन कोरोना वरियर्स मानकर जिन पत्रकारों की कोरोना महामारी से मृत्यु हुई है उनके परिवारजनों को जीवन यापन के लिए कम से कम 20 लाख और जो इस बीमारी से जूझ रहे हैं उनको भी उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से आर्थिक सहायता प्रदान की जाये साथ ही जिन पत्रकारों की खबरों को कवरेज करने के दौरान कोरोना हुआ है ऐसे पत्रकारों के लिए सरकार की ओर से निजी अस्पतालों में उनका निःशुल्क इलाज कराया जाए, पीड़ित पत्रकारों को वरीयता के आधार पर अतिरिक्त बेड प्रबंध कराएं।
यही नही राज्य सरकार कोरोना से पीड़ित पत्रकारों एवं उनके परिजनों के लिए वरीयता के आधार पर अतिरिक्त बेड और दवाओं का प्रबंध कराया जाए यही नही प्रयः ऐसा देखा जाता है कि सरकार की ओर से पत्रकारो के लिए किसी भी योजना में गैर मान्यता प्राप्त पत्रकारो को उन योजनाओं से वंचित कर दिया जाता है बल्कि हकीकत में फील्ड रिपोर्टिंग में 90% गैर मान्यता प्राप्त की पत्रकार कार्य कर रहे है। इसलिए गैर मान्यता प्राप्त पत्रकारों को भी अनुभव के आधार पर कोरोना योद्धा का दर्जा देकर सरकार की ओर से ग्रुप बीमा की व्यवस्था की जाए जिससे फील्ड में रहने वाले हमारे कलम के साथी निर्भीक होकर अपनी कलम की रोशनी से समाज मे उजाला फैलाते रहे।
जर्नलिस्ट क्लब के अध्यक्ष “ओम मिश्रा” ने प्रदेश के मीडिया कर्मियों के लिए बड़ा फैसला लेकर मीडिया कर्मियों को वैक्सीन में प्राथमिकता देने एवं वैक्सीन के लिए अलग से सेंटर और मीडिया कर्मी व उनके परिजनों का फ्री में वैक्सीनेशन का पत्रकारों के हितार्थ साहसिक फैसला लेने को लेकर आभार प्रगट किया है।
जर्नलिस्ट क्लब के महामंत्री “अभय त्रिपाठी” मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को संस्था की ओर से भेजे गए पत्र में कहा विगत एक वर्ष से अधिक समय से कोरोना महामारी ने प्रलय मचा रखी है जिसमें कोरोना की चपेट में आकर अपने कर्तव्यों का निर्वहन करते हुए हमारे सैकड़ों पत्रकार साथी शहीद हो गए पत्रकारों के निधन के बाद उनके परिवार के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है।


















