– त्रस्त जनता अब घरों से पलायन को मजबूर – स्वच्छता अभियान, हक़ीक़त से कोसों दूर…..
— बीते एक दशक से पूरे इलाके में फैला है सुअरों का आतंक….
— विधायक आते नही ,पार्षद सुनता नही , नगर आयुक्त के कानों में नही रेंगती ज़ू…लिखित शिकायतों के बाद भी मामला जस का तस
पूर्व राष्ट्रपति के नाम पर बनी सड़क गौरव पथ गली में लोटते है सुअर – डिप्टी सीएम ने किया था लोकार्पण
2 अक्टूबर के दिन पूरे देश मे राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की जयंती के रूप में मनाया जाता है ।उनका कहना था कि स्वच्छता राजनीतिक स्वतंत्रता से अधिक महत्वपूर्ण है ।और उनकी यह बात समाज मे स्वच्छता के महत्व को रेखांकित करती है । राष्ट्रपिता के इसी कथन को मूर्त रूप देने के लिए देश के यशश्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल किले कि प्राचीर से देशवासियो को सम्बोधित करते हुए कहा था स्वच्छता ही सेवा है और हमे गन्दगी व खुले में शौच के खिलाफ लड़ाई लड़नी है । और तभी से प्रति वर्ष गांधी जयंती के अवसर पर स्वच्छता को लेकर विशेष अभियान चलाया जाता है ।
लेकिन उत्तर प्रदेश की औधोगिक नगरी कानपुर में पीएम के इस स्वच्छता अभियान की हक़ीक़त धड़ाम होती नजर आ रही है।
हम बात कर रहे है कानपुर के सबसे प्रसिद्ध सीसामऊ बाजार , पी रोड व जवाहर नगर की जहां खरीददारी के लिए यहां से लाखों की संख्या में दिनभर गुजरने वाली आवाम से ये इलाके गुलज़ार रहते है । यहाँ रहने वाली अवाम सफाई के अभाव से लगे कूड़े के अडंम्बार व बीते कई सालों से फैले सुअरों के आतंक व उनसे होने वाली गन्दगी से त्रस्त होकर यहां से पलायन का मन बना चुके है ।
स्वच्छता अभियान की ताजा हक़ीक़त को बयां करती वरिष्ठ संवाददाता कमल शंकर मिश्र की ये खास रिपोर्ट…….


















